मुंबई वार्ता संवाददाता

एसटी महामंडल की बसों और बस स्टैंड पर किए जाने वाले विज्ञापनों के लिए एक व्यापक नई नीति तैयार की जाए, जिससे होने वाली आय को ₹100 करोड़ तक बढ़ाया जा सके, ऐसे निर्देश परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने आज दिए।परिवहन आयुक्तालय में राज्य परिवहन महामंडल की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें मंत्री सरनाईक ने यह निर्देश दिए।


इस बैठक में एसटी महामंडल के प्रबंध निदेशक डॉ. माधव कुसेकर सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।मंत्री सरनाईक ने कहा कि जिन विज्ञापन एजेंसियों को वर्तमान में कार्य दिया गया है, उनसे अपेक्षित आय प्राप्त नहीं हो रही है, इसलिए उनके अनुबंध रद्द किए जाएं।
उन्होंने यह भी कहा कि इसके लिए अधिक आय देने वाली एजेंसियों का चयन किया जाए। वर्तमान में विज्ञापनों के माध्यम से महामंडल को लगभग ₹22-24 करोड़ की आय हो रही है, जिसे उचित योजना बनाकर ₹100 करोड़ तक बढ़ाया जाना चाहिए।नई बसों की खरीद में यात्रियों और बसों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए, विज्ञापनों के लिए उपयुक्त पैनल लगाए जाने की व्यवस्था की जाए। इसके अलावा, पुरानी बसों में भी यह व्यवस्था की जानी चाहिए। साथ ही, बस स्टैंड के सुधार के लिए भी योजना बनाई जाए।महत्वपूर्ण बस स्टैंडों को बेहतर बनाने के लिए एसटी को डीजल आपूर्ति करने वाली कंपनियों को उनके सीएसआर (कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) फंड के माध्यम से राज्य के प्रमुख बस स्टैंडों पर महिलाओं के लिए स्वच्छ शौचालय और हिरकणी कक्ष (महिलाओं के लिए विशेष प्रतीक्षालय) बनाने और उनकी अच्छी स्थिति बनाए रखने की व्यवस्था करनी चाहिए, ऐसे निर्देश मंत्री सरनाईक ने दिए।
उन्होंने आगे कहा कि एसटी महामंडल बड़ी मात्रा में डीजल खरीदता है, इसलिए भविष्य में डीजल की निविदाएं निकालते समय उसमें सीएसआर फंड की शर्त जोड़ी जानी चाहिए।इलेक्ट्रिक बस किराए पर देने वाली कंपनी का अनुबंध रद्द करेंवर्तमान में 5,150 इलेक्ट्रिक बसों में से केवल 220 बसें ही संबंधित कंपनी द्वारा एसटी महामंडल को किराए पर दी गई हैं। जिन कंपनियों ने इलेक्ट्रिक बसों की आपूर्ति के लिए अनुबंध किया है, लेकिन अभी तक बसें उपलब्ध नहीं कराई हैं, उन्हें अंतिम नोटिस भेजा जाए। यदि इसके बाद भी सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिलती है, तो उनके अनुबंध रद्द करने की कार्रवाई की जाए।
नई बसें हर डिपो तक पहुंचनी चाहिए!इस वर्ष एसटी के बेड़े में 2,640 लालपरी बसें शामिल की जाएंगी। इनमें से मार्च के अंत तक 800 बसें 100 डिपो में भेजी जा चुकी हैं और यात्रियों की सेवा में लगाई जा चुकी हैं।
अगले दो महीनों में सभी 251 डिपो तक नई बसें पहुंचाने की योजना बनाई जाए।मंत्री सरनाईक ने कहा कि नई बसों को जनता से अच्छी प्रतिक्रिया मिली है। आगे भी इसी तरह उच्च गुणवत्ता वाली बसें यात्रियों की सेवा के लिए उपलब्ध कराई जाएं। इसके अलावा, सभी बसों में जीपीएस और सीसीटीवी कैमरे भी लगाए जाएं, ऐसे निर्देश भी उन्होंने दिए।


