मुंबई वार्ता/श्रीश उपाध्याय

लगातार बढ़ रहे अपराधों की संख्या को देखते हुए अपराधों की जाँच में गति लाना आवश्यक हो गया है। इस बात को ध्यान में रखते अब हेड कांस्टेबल स्तर के पुलिस कर्मियों को भी अपराधों के जाँच की जिम्मेदारी दी जाएगी। इस प्रकार का निर्णय आज मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री देवेन्द्र फड़णवीस ने लिया है। इस पूरे मामले की जानकारी गृह राज्यमंत्री योगेश कदम ने X पर दी है।
https://x.com/iYogeshRKadam/status/1923059524476493842?t=Axuo86B–2199Ad0PE1Ocw&s=19
गृह राज्यमंत्री योगेश कदम ने बताया कि अपराधों के जाँच की जिम्मेदारी पुलिस सब इंस्पेक्टर एवं वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के पास ही थी। अपराधों की संख्या में हो रही बढ़ोतरी के कारण उन पर काम का बोझ बढ़ रहा है और अपराधों के जाँच की गति धीमी हो रही है। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए गृह विभाग ने अब अपराधों के जाँच की जिम्मेदारी हेड कांस्टेबल स्तर के पुलिसकर्मियों को भी देने का निर्णय लिया है।


योगेश कदम ने बताया कि छोटे अपराध, चोरी, छोटे मोटे झगड़े, छोटी धोखाधड़ी के मामलों को जांचने की जिम्मेदारी अब हेड कांस्टेबल करेंगे। उन्हें अपराधों के जाँच करने की ट्रेनिंग भी दी जाएगी गृह विभाग ने विश्वास जताया है कि हेड कांस्टेबल स्तर के पुलिसकर्मियों को भी अपराधों की जाँच की जिम्मेदारी देने से वरिष्ठ पुलिसकर्मियों का भार कम होगा और लोगो को जल्द से जल्द न्याय मिल सकेगा।


