मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

पुणे अपराध शाखा की आठ विशेष टीमों ने १५ जुलाई से शहर में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ अभियान चलाया था। बुधवार को पेठ इलाके से वेश्यावृत्ति में लिप्त कुछ महिलाओं को हिरासत में लिया गया। मूल रूप से बांग्लादेश की रहने वाली ये महिलाएं पश्चिम बंगाल की निवासी होने का नाटक करके पुणे में शरण ले रही थीं। हालाँकि, जाँच के बाद उनकी असली पहचान उजागर हुई।
पुलिस ने हाल ही में कई जगहों पर छापेमारी कर इन महिलाओं को हिरासत में लिया है और उनके खिलाफ गैरकानूनी प्रवेश, पहचान छिपाने और अनैतिक तस्करी रोकथाम अधिनियम के तहत मामले दर्ज किए गए हैं। इन महिलाओं की जाँच पूरी होने के बाद, उन्हें महिला संरक्षण विभाग में रखा गया। इसके बाद, कागजी कार्रवाई पूरी हो गई है और उन्हें २२ जुलाई को आधिकारिक तौर पर बांग्लादेश भेज दिया गया था।
इन महिलाओं को शरण देने वाले या उन्हें पहचान पत्र दिलाने में मदद करने वाले स्थानीय दलालों की भी जाँच की जा रही है। उनके खिलाफ मामला दर्ज होने की संभावना है। पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने कहा कि कार्रवाई यहीं नहीं रुकेगी, बल्कि शहर में अवैध रूप से रह रहे अन्य विदेशी नागरिकों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।


