■ ट्रस्टियों, पुजारियों के साथ श्रद्धालुओं ने उठाई पालकी
वरिष्ठ संवाददाता /मुंबई वार्ता

श्री महालक्ष्मी मंदिर ट्रस्ट मुंबई द्वारा संचालित लगभग 400 साल पुराने प्राचीन महालक्ष्मी मंदिर में स्थापित ऊंचे ध्वज स्तंभ का स्थापना दिवस समारोह मंगलवार को धूमधाम से मनाया गया। इसके निमित्त माता के गर्भगृह को फूलों से सजाया गया था। साथ ही माता की पालकी में आकर्षक झांकी तैयार की गई थी।


महोत्सव की शुरुआत प्रातः मंगला आरती, पंचामृत स्नान और भोग अर्पण से हुई। इसके बाद ध्वज स्तंभ का विधि विधान से पूजन किया गया। समारोह में मंदिर प्रबंधन कमेटी के सभी ट्रस्टियों के साथ पुजारी और श्रद्धालुओं ने न केवल ध्वज स्तंभ के साथ महालक्ष्मी माता के चरणों में मत्था टेका बल्कि आस्था और उत्साह के साथ पालकी को कंधे पर धारण कर मंदिर परिसर के साथ आसपास में भ्रमण किया।
शाम 4:30 बजे से गाजे बाजे के साथ शुरू हुई पालकी यात्रा शाम 6:30 बजे तक चली। मंदिर परिसर से निकली श्री महालक्ष्मी माता की पालकी यात्रा में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में माता के भक्त शामिल हुए। मंदिर के प्रबंधक नितिन कांबली ने बताया कि सभी ट्रस्टियों के मार्गदर्शन में ध्वज स्तंभ स्थापना दिवस समारोह आयोजित किया गया।
इस ध्वज स्तंभ की स्थापना आदि जगद्गुरु शंकराचार्य महाराज ने दशकों पहले किया था। लगभग 35 फिट ऊंचे इस ध्वज स्तंभ पर लहराती ध्वजा सुख और समृद्धि का संदेश देती है। बड़ी संख्या में भक्तों के पालकी समारोह में शामिल होने की संभावना को देखते हुए मंदिर प्रबंधन द्वारा विशेष व्यवस्था की गई थी।अतिथियों का स्वागत करने के बाद अंत में महाआरती के साथ उत्सव का समापन किया गया।


