मुंबई वार्ता संवाददाता

आगामी 2026 मनपा चुनावों को लेकर आम आदमी पार्टी (आप) ने अपना घोषणापत्र जारी कर दिया है। दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने मुंबई में ‘केजरीवाल की गारंटी’ के तहत तैयार इस दस्तावेज़ का अनावरण किया।


पार्टी का दावा है कि यह घोषणापत्र दशकों से चली आ रही उपेक्षा और भ्रष्टाचार का व्यावहारिक जवाब है, जो दिल्ली और पंजाब के शासन मॉडल से प्रेरित है।मीडिया से बातचीत में आतिशी ने कहा कि अपार संसाधनों के बावजूद मुंबई आज अव्यवस्थित, असुरक्षित और असमानताओं से जूझ रहा है।


उन्होंने आरोप लगाया कि 75 हजार करोड़ रुपये से अधिक के बजट के बावजूद मनपा की सेवाएं लगातार गिरती गईं। मनपा स्कूलों को बंद कर उनकी जमीन हड़पने की प्रवृत्ति से शिक्षा को नुकसान पहुंचा है और आज इनमें छात्रों की संख्या तीन लाख से भी कम रह गई है। प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति भी चिंताजनक है।
आतिशी ने कहा कि आम आदमी पार्टी मुंबई में वही मॉडल लागू करना चाहती है, जिसने दिल्ली में शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में बदलाव लाया। उन्होंने मुंबईकरों से अपील की कि वे शहर की बेहतरी के लिए बदलाव को चुनें।
मुंबई आप अध्यक्ष प्रीति शर्मा मेनन ने कहा कि मौजूदा राजनीतिक समीकरणों में गठबंधन असमंजस का शिकार हैं, जबकि आम आदमी पार्टी ‘काम की राजनीति’ के साथ चुनावी मैदान में है। पार्टी ने शिक्षित, जमीनी स्तर पर काम करने वाले युवाओं को आगे लाने का दावा किया।घोषणापत्र में मुंबई के लिए चार प्रमुख ‘केजरीवाल की गारंटी’ घोषित की गई हैं। इसके तहत हर घर को 24 घंटे स्वच्छ पानी और तय सीमा तक मुफ्त जलापूर्ति, बीएमसी स्कूलों में बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण और छात्रों के लिए मुफ्त परिवहन, एक हजार मोहल्ला क्लीनिकों के जरिए मुफ्त इलाज, दवाइयां और जांच, साथ ही प्रति परिवार 200 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने का प्रस्ताव रखा गया है।
इसके अलावा पार्टी ने परिवहन व्यवस्था सुधारने के लिए 10 हजार इलेक्ट्रिक बसें, गड्ढा मुक्त सड़कों की योजना, कचरा प्रबंधन में सख्ती, महिला-बाल सशक्तिकरण, एलजीबीटीक्यूआई प्लस समुदाय के अधिकार, फेरीवालों और गिग वर्कर्स के लिए सुविधाएं, पर्यावरण संरक्षण और मनपा के कामकाज के पूर्ण डिजिटलीकरण का वादा किया है।


