मुंबई वार्ता/शिव पूजन पांडेय

NEET परीक्षा में हुए पेपर लीक और धांधली के कारण केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान विपक्ष के सीधे निशाने पर हैं। राहुल गांधी और कांग्रेस सहित पूरा विपक्ष उनसे इस्तीफे की मांग कर रहा है। मुंबई यूथ कांग्रेस ने उनके इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि यदि तीन दिनों के अंदर उन्होंने इस्तीफा नहीं दिया तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।


युवा कांग्रेसी नेता निखिल रूपारेल ने धर्मेंद्र प्रधान को चेतावनी देते हुए तीन दिनों के भीतर उनके इस्तीफे की मांग की है । उन्होंने यह कहते हुए उनके इस्तीफे की मांग की है कि परीक्षा में हुए भ्रष्टाचार के चलते 21 बच्चों को अपनी जान गंवानी पड़ी और शिक्षा मंत्री इस प्रकरण के लिए पूरी तरह से जिम्मेदार हैं।


उन्होंने कहा कि आज हॉस्टल में सन्नाटा पसरा हुआ है। शिक्षा को गिद्धों के हाथों नीलाम कर दिया गया है। बच्चों का परीक्षाओं की विश्वसनीयता पर से विश्वास उठता जा रहा है। निखिल रूपारेल ने कहा कि आज उन 21 बच्चों के परिवारों पर क्या बीत रही होगी ? जिन लोगों ने अपने बच्चों को पढ़ाया लिखाया और यह सोचकर NEET परीक्षा की तैयारी करवाई कि उनके बच्चे परिवार का नाम रोशन करेंगे। भ्रष्टाचार और धांधली ने सब कुछ तबाह कर दिया। ऐसे में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देकर अपने पापों का प्रायश्चित करना चाहिए ।
उत्तर मध्य मुंबई युवक कांग्रेस द्वारा सांताक्रूज़ पूर्व में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जन आक्रोश मोर्चा निकाला गया,जिसमें शामिल होने वाले प्रमुख लोगों में उत्तर मध्य मुंबई के जिला अध्यक्ष तथा कार्यालय प्रभारी निखिल रूपारेल, तेजस मुंबई के प्रभारी पवन मजीठिया, मुंबई युवा कांग्रेस महासचिव संगठन तेजस चांदूरकर, कालीना युवा कांग्रेस अध्यक्ष विकास जैसवार, चांदीवली युवा कांग्रेस अध्यक्ष अतुल मघाडे, यूथ कांग्रेस के सभी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का समावेश रहा।


