■ उद्धव ठाकरे की शिवसेना को समर्थन की तैयारी.
मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

जैन मुनि नीलेशचंद्र विजय ने कबूतरखाने पर प्रतिबंध के खिलाफ हथियार उठाने की चेतावनी दी थी। अब उन्होंने इसी मुद्दे को लेकर अनशन पर बैठने की तैयारी शुरू कर दी है। जैन मुनि नीलेशचंद्र विजय ने कहा है कि दिवाली के बाद वह अनशन पर बैठेंगे।


ज्ञात हो कि दादर स्थित प्रसिद्ध कबूतरखाने को बंद कर दिया गया। इसके बाद जैन समुदाय आक्रामक होता दिख रहा है। इतना ही नहीं, सूत्रों ने यह भी जानकारी दी है कि भाजपा से मतभेदों के चलते जैन मुनि नीलेशचंद्र विजय ने उद्धव ठाकरे की शिवसेना को समर्थन देने का फैसला किया है। शांतिदूत जनकल्याण पार्टी की स्थापना जैन मुनि ने की थी। यह जानकारी एक हफ्ते बाद सामने आई है।


जैन मुनि नीलेशचंद्र विजय ने क्या कहा?
हमारी लड़ाई सिर्फ़ कबूतरों के लिए नहीं, बल्कि सबसे बेवकूफ़ जानवरों के लिए है। कबूतरखानों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। सत्ताधारी दलों में हमारे समुदाय के नेताओं ने कुछ नहीं किया है। साथ ही, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कबूतरखानों का मुद्दा उठाया है। कबूतरखानों को बंद करने से हमारी भावनाएँ आहत होती हैं। अब हम आगामी नगर निगम चुनावों में उद्धव ठाकरे की शिवसेना को समर्थन देने की तैयारी कर रहे हैं। मैं आने वाले दिनों में इस मुद्दे को लेकर उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे से मिलूँगा। यह जानकारी नीलेश चंद्र विजय ने दी।


