हरीशचंद्र पाठक/मुंबई वार्ता

चेंबूर खारदेव नगर घाटला के एक रिक्शा चालक सुदाम मोटे ने बहुत ही परिश्रम करके जीवनयापन किया और अपने बच्चों को शिक्षित किया। एक कहावत है कि परिश्रम का फल मीठा होता है और यह कर दिखाया रिक्शा चालक के बेटे कुमार विनायक सुदाम मोटे ने, जो हाल ही में एमपीएससी परीक्षा में उत्तीर्ण होकर अपने ही नहीं संपूर्ण परिसर का नाम रोशन किया।
पूरे इलाके में में खुशी का माहौल है। कुमार विनायक सुदाम मेटे के एमपीएससी परीक्षा उत्तीर्ण करने पर उसे बधाई देने पहुंचे पूर्व नगरसेवक और बेस्ट समिति के पूर्व अध्यक्ष अध्यक्ष अनिल पाटनकर, चेंबूर नागरिक सहकारी बैंक की संचालिका श्रीमती मीनाक्षी अनिल पाटणकर, युवा सामाजिक कार्यकर्ता राजेंद्र नगराले, महिला उपविभाग संगठिका सुलभा पत्तयाने, महिला चेंबूर विधानसभा सह-समन्वयक श्रीमती. अनिता महाडिक, चेंबूर विधानसभा समन्वयक संदीप गुरव, महिला शाखा संगठीका श्रीमती. योगिता म्हात्रे, चंद्रकांत डोलसे, शशिकांत आयवले, वैशाली कदम, सुनीता कापसे, बबीता राउत और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
बता दें कि इससे पहले विनायक नरले ने झुग्गी बस्ती में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल की थी।. विनायक मोटे कि इस उपलब्धता पर पूरे इलाके के लोगों द्वारा बधाई दी जा रही है साथ ही उसकी यह उपलब्धि इस परिसर के झुग्गी-झोपड़ियों के छात्रों के लिए प्रेरणा दायक साबित हो रही है।


