मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

“युवा” के “कभी नीम नीम, कभी शहद शहद” और “बाहुबली 2” के “कान्हा सो ज़रा” जैसे सुपरहिट गानों को अपनी मधुर आवाज़ देने वाली प्रसिद्ध गायिका मधुश्री ने अब मलयालम फिल्म उद्योग में अपनी पहचान बना ली है। सुपरस्टार मोहनलाल अभिनीत मलयालम ब्लॉकबस्टर फिल्म “हृदयपूर्वा” का उनका हिंदी गाना “टुक टुक” रिलीज़ होते ही दर्शकों के बीच धूम मचा रहा है।


सत्यन अंतिकाड द्वारा निर्देशित इस फिल्म का यह भव्य विवाह गीत इसलिए भी खास है क्योंकि यह पहली बार है जब किसी मलयालम फिल्म में कोई हिंदी गाना शामिल किया गया है। गाने की शानदार सिनेमैटोग्राफी और मधुश्री की मधुर आवाज ने दर्शकों का दिल जीत लिया है।अपना उत्साह व्यक्त करते हुए, मधुश्री ने कहा, “मुझे अविश्वसनीय रूप से प्रतिभाशाली संगीतकार जस्टिन प्रभाकरन का फ़ोन आया। जब मैंने गाना सुना, तो मैंने पूछा कि यह हिंदी गाना क्यों है, जबकि फ़िल्म मलयालम में है। उन्होंने मुझे बताया कि यह एक परिस्थितिजन्य गीत है। जब मैंने इसे रिकॉर्ड किया, तो यह एक अनोखा अनुभव था। राज शेखर ने इसके बोल बहुत खूबसूरती से लिखे हैं। जब मैंने कलाकृति देखी, तो मैं पूरी तरह मंत्रमुग्ध हो गई। मुझे यह अवसर देने के लिए मैं निर्देशक की आभारी हूँ।”


संगीतकार जस्टिन प्रभाकरन ने कहा, “मैंने फ़िल्म के लिए विवाह गीत ‘टुक टुक’ की रचना की थी, जिसे राज शेखर ने लिखा था। गीत की रचना करते समय, मुझे एहसास हुआ कि केवल मधुश्री ही इसे गा सकती हैं। मैं उनकी आवाज़ की बहुत बड़ी प्रशंसक हूँ। उन्होंने गीत की भावनाओं को बखूबी पकड़ा, इसे खूबसूरती से गाया और इसे जीवंत कर दिया।”निर्देशक सत्यन अंतिकाड ने कहा, “मैं इस खूबसूरत गीत को अपनी आवाज़ देने और इसे यादगार बनाने के लिए मधुश्री का तहे दिल से शुक्रिया अदा करता हूँ।”
सुपरहिट गाने ‘टुक टुक’ से मधुश्री ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वह न सिर्फ बॉलीवुड में बल्कि दक्षिण भारतीय सिनेमा में भी अपनी मधुर आवाज से दर्शकों का दिल जीतने की क्षमता रखती हैं।


