मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

नक्सलियों के भामरागढ़ दल ने जिले के भामरागढ़ तालुका में महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा के पास कवंडे इलाके में घात लगाकर हमला करने के लिए एक अड्डा बनाया था। हालांकि गढ़चिरौली पुलिस ने इस अड्डे को नष्ट करने में बड़ी सफलता हासिल की है।


खुफिया सूचना के आधार पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के नेतृत्व में सी-60 के करीब २०० जवान एक विशेष मिशन पर थे। १२ मई को जंगल में सर्चिंग के दौरान जवानों पर नक्सलियों ने अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। सी-६० सैनिकों ने भी जवाबी कार्रवाई की। यह लड़ाई तीन अलग-अलग स्थानों पर लगभग दो घंटे तक चली।मुठभेड़ के बाद इलाके में चलाए गए तलाशी अभियान के दौरान एक स्वचालित इंसास राइफल, एक सिंगल शॉट राइफल, एक मैगजीन, कई जिंदा कारतूस, एक डेटोनेटर, एक रेडियो, तीन पिट्ठू (बैग), एक वॉकी-टॉकी चार्जर सहित भारी मात्रा में नक्सली सामग्री और निजी सामान बरामद किया गया।
सी-६० जवानों द्वारा नक्सली अड्डे को पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है। पुलिस ने जानकारी दी है कि मुठभेड़ में कुछ नक्सली घायल या मारे गए हैं।
महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा पर गढ़चिरौली जिले के दक्षिणी छोर पर “कावंडे” (महाराष्ट्र सीमा में) के पास सी-६० जवानों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई। इसके कुछ ही देर बाद आज सुबह (१२ मई) उसी क्षेत्र में तीन स्थानों पर झड़पें हुईं। ये झड़पें लगभग दो घंटे तक चलीं। जवानों ने जब गोलीबारी का जोरदार जवाब दिया तो नक्सली भाग गए। हालांकि इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता कि कुछ नक्सली घायल हुए हैं और उन्हें नक्सली अपने साथ ले गए हैं।
पुलिस ने घटनास्थल से दो बंदूकें, बड़ी संख्या में जिंदा कारतूस और अन्य नक्सली सामग्री जब्त की है तथा नक्सली शिविरों को नष्ट कर दिया गया है। फिलहाल इलाके में तलाशी अभियान चल रहा है। सुरक्षा बलों को छत्तीसगढ़ राज्य के बीजापुर क्षेत्र के दंतेवाड़ा, गीदम थाना क्षेत्र के गिरसापारा, नेलगोड़ा, बोड़गा और इकेली वन क्षेत्र में नक्सली कैम्प की सूचना मिली थी। इलाके में नक्सलियों की मौजूदगी के चलते पुलिस प्रशासन अलर्ट पर है।


