मुंबई वार्ता संवाददाता

मुंबई की विशेष सत्र अदालत ने समुद्री डकैती (पायरेसी) के दो बड़े मामलों में 44 सोमालियाई नागरिकों को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। ये आरोपी वर्ष 2024 में भारतीय नौसेना के सफल अभियान के दौरान गिरफ्तार किए गए थे।


अदालत ने अलग-अलग मामलों में एमवी रूएन (MV Ruen) और अल-कंबर 786 (Al-Kambar 786) नामक जहाजों के अपहरण, चालक दल के सदस्यों को बंधक बनाने, फिरौती मांगने, हत्या के प्रयास और समुद्री डकैती जैसे गंभीर अपराधों का दोषी माना। अधिकांश आरोपियों ने अदालत में अपना अपराध स्वीकार कर लिया था और नरमी की अपील की थी।
सुनवाई के दौरान दोषियों ने बताया कि वे करीब दो वर्षों से न्यायिक हिरासत में हैं तथा भाषा, संस्कृति और परिवार से दूर रहने जैसी कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। हालांकि अदालत ने कहा कि समुद्र में जहाजों का अपहरण कर निर्दोष लोगों को बंधक बनाना और उनकी जान जोखिम में डालना बेहद गंभीर अपराध है, इसलिए ऐसे मामलों में कठोर सजा आवश्यक है।
मामले में गिरफ्तार 44 आरोपियों में से एक ने अपराध स्वीकार नहीं किया है। उसके खिलाफ मुकदमे की सुनवाई अलग से जारी रहेगी।


