मुंबई वार्ता/श्रीश उपाध्याय

महाराष्ट्र में शादी समारोह, भंडारा, लंगर, इफ्तार पार्टी, महाप्रसाद और अन्य सामूहिक भोजन आयोजनों में खाद्य सुरक्षा को लेकर खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने नियमों को सख्ती से लागू करने की तैयारी की है। अब शादी में भोजन तैयार करने वाले कैटरर्स के लिए खाद्य सुरक्षा नियमों का पालन और वैध एफएसएसएआई लाइसेंस जरूरी होगा।


FDA के निर्देशों के अनुसार, सामूहिक भोजन के आयोजन की जानकारी संबंधित अधिकारियों को कम से कम सात दिन पहले देनी होगी। शादी समारोह के मामले में यह जिम्मेदारी भोजन तैयार करने वाले कैटरर की होगी। कैटरर को इस्तेमाल किए जाने वाले कच्चे माल की खरीद और उसके स्रोत की जानकारी भी उपलब्ध करानी होगी।


FDA का विशेष ध्यान दूध, खोया, पनीर, घी, मिठाई, सूखे मेवे, बर्फ, पानी और खाद्य रंग जैसी वस्तुओं की गुणवत्ता पर रहेगा। अधिकारियों द्वारा खाद्य सामग्री की जांच के साथ स्वच्छता और सुरक्षित तरीके से भोजन तैयार करने की प्रक्रिया पर भी निगरानी रखी जाएगी।
FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे के अनुसार, इन नियमों का उद्देश्य शादी या किसी धार्मिक आयोजन पर रोक लगाना नहीं, बल्कि लोगों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराना है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि खाद्य कारोबारियों के पंजीकरण और लाइसेंसिंग का कानूनी ढांचा पहले से मौजूद है और मौजूदा कार्रवाई उसी व्यवस्था के तहत की जा रही है।
नियमों का उल्लंघन करने वाले कैटरर्स के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और गंभीर मामलों में मामला दर्ज किए जाने की चेतावनी भी दी गई है। त्योहारों और बड़े सामूहिक आयोजनों के दौरान खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ने के कारण FDA ने जांच और निगरानी बढ़ाने का फैसला किया है।
इस व्यवस्था के तहत शादी समारोह आयोजित करने वाले परिवारों को भी यह सुनिश्चित करना होगा कि जिस कैटरर को भोजन की जिम्मेदारी दी जा रही है, उसके पास वैध एफएसएसएआई लाइसेंस हो। इससे खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, उसकी खरीद के स्रोत और भोजन तैयार करने की स्वच्छता पर जवाबदेही तय करने में मदद मिलेगी।


