रेशिमबाग से आया था हिंदी भाषा थोपने का पहला फतवा, अब मराठी को निगलने की कोशिश: हर्षवर्धन सपकाल।

Date:

■ मराठी-हिंदी विवाद भड़काने के लिए ही निशिकांत दुबे का बयान; भाजपा देश में भाषा के नाम पर संघर्ष खड़ा करना चाहती है।

मुंबई वार्ता संवाददाता

हिंदी, हिंदुत्व और हिंदू राष्ट्र, यह जिनकी विचारधारा है, वही लोग पहिली कक्षा से ही हिंदी थोपने की मानसिकता के पीछे हैं। ऐसे ही लोग बहुजन समाज के ज्ञान की भाषा मराठी और उसकी संघर्षशील परंपरा को निगलना चाहते हैं। यह कोई नया संघर्ष नहीं है; हिंदी को माध्यम बनाकर यह पुराना संघर्ष फिर से सतह पर लाया गया है। चूंकि हिंदी थोपने का फतवा रेशिमबाग से आया था, इसलिए उसका अंमल फडणवीस सरकार करने की कोशिश कर रही है, ऐसा तीखा हमला महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने किया है।

शालेय शिक्षण अभ्यास और क्रियान्वयन समन्वय समिति द्वारा हिंदी थोपने के विरोध में आज आज़ाद मैदान में धरना आंदोलन किया गया। इस आंदोलन में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाळ भी शामिल हुए।

इस अवसर पर बोलते हुए उन्होंने कहा, मराठी एक विद्रोही भाषा है। इतिहास में ज्ञान कुछ गिने-चुने लोगों तक सीमित रखने की कोशिशें की गईं और दूसरों को ज्ञान प्राप्त न हो, इसके लिए दंड दिए गए। लेकिन मराठी भाषा ने समय-समय पर इस अन्याय का विरोध किया है। मराठी ज्ञान की भाषा न बने, इसके लिए जो वर्ग पहले सक्रिय था, वही अब हिंदी थोपने के नाम पर वही पुरानी लड़ाई दोहराने को तैयार है।

उन्होंने हिंदी थोपने का पत्थर उछालकर देख लिया है, लेकिन जनता के तीव्र विरोध के कारण दोनों शासकीय आदेश रद्द करने पड़े। फिर भी लड़ाई खत्म नहीं हुई है।सरकार ने डॉ. नरेंद्र जाधव समिति की नियुक्ति की है। लेकिन नरेंद्र जाधव महज़ एक रबर स्टैम्प हैं, वे भाषाविद नहीं हैं। सरकार जो चाहेगी, वही उनसे करवाएगी। इसलिए हम गाफिल नहीं रह सकते।हमारी लड़ाई केवल दो जीआर रद्द कराने तक सीमित नहीं है। यह महाराष्ट्र धर्म को बचाने की लड़ाई है। इसके लिए हमें एक कार्ययोजना बनानी होगी और जिलों-जिलों में जाकर जनजागरण करना होगा। इस संघर्ष में कांग्रेस पार्टी पूरी ताकत से आपके साथ खड़ी है, ऐसा विश्वास भी सपकाल ने दिया।

निशिकांत दुबे का बयान – भाषायी और प्रांतीय विवाद को भड़काने वालाभाजपा सांसद निशिकांत दुबे का मराठी-हिंदी विवाद पर दिया गया बयान अत्यंत आपत्तिजनक और निंदनीय है। उनके वक्तव्य से यह स्पष्ट हो गया है कि भाजपा मराठी-हिंदी विवाद को बढ़ावा देना चाहती है। भाजपा नेता देशभर में मराठी-हिंदी भाषा विवाद को भारत-पाकिस्तान जैसा शत्रुतापूर्ण रंग देने की कोशिश कर रहे हैं भाषा और प्रांतीय संघर्ष निर्माण करना ही भाजपा का एजेंडा है, जिसे निशिकांत दुबे जैसे नेता आगे बढ़ा रहे हैं, ऐसा आरोप भी कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने लगाया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

प्रमुख खबरे

More like this
Related

सांताक्रूज़ पुलिस ने हत्याकांड का किया खुलासा, आरोपी 12 घंटे में गिरफ्तार।

मुंबई वार्ता संवाददाता मुंबई के सांताक्रूज़ पुलिस थाने ने...

जोगेश्वरी पुलिस ने 28 वर्षों से फरार आरोपी को किया गिरफ्तार।

मुंबई वार्ता संवाददाता मुंबई की जोगेश्वरी पुलिस थाने...

तुंगारेश्वर मंदिर में दो दिवसीय संगीतमय श्री चरित मानस अखंड पाठ संपन्न ।

रवीन्द्र मिश्रा । मुंबई वार्ता परशुराम कालीन शिव...