मुंबई वार्ता संवाददाता

मुंबई कांग्रेस और मुलुंड फेरीवाला संघ के संयुक्त तत्वावधान में फेरीवालों की सुरक्षा की ठोस मांग को लेकर एक शांतिपूर्ण मोर्चे का आयोजन किया गया है। यह मोर्चा टी-वार्ड महानगरपालिका कार्यालय द्वारा “बांग्लादेशी नागरिकों का निष्कासन” के नाम पर चलाए जा रहे अतिक्रमण-विरोधी अभियान के विरोध में निकाला जा रहा है। इस बात की जानकारी महाराष्ट्र प्रदेश कॉंग्रेस समिति के महासचिव एवं प्रवक्ता राकेश शेट्टी ने दी है।


उन्होंने बताया कि मुलुंड परिसर में पिछले 15 वर्षों से अधिक समय से लघु-उद्योग के रूप में ईमानदारी से व्यवसाय कर रहे अनेक फेरीवालों को बिना उचित सुनवाई के अन्यायपूर्ण ढंग से निशाना बनाया जा रहा है और उनकी हकालपट्टी की जा रही है। इस कार्रवाई के कारण अपनी दैनिक आजीविका के लिए फेरी व्यवसाय पर निर्भर हजारों परिवारों में गहरी चिंता और असुरक्षा का माहौल पैदा हो गया है।


उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण मोर्चा शुक्रवार तारीख ६ मार्च २०२६ को सुबह ठीक 9:00 बजे मुलुंड (पश्चिम) रेलवे स्टेशन के सामने स्थित बाटा स्टोर्स से शुरू होकर टी-वार्ड महानगरपालिका कार्यालय तक जाएगा, जहाँ संबंधित अधिकारियों को लिखित ज्ञापन सौंपा जाएगा।
वर्तमान में चल रही एस.एस.सी. और एच.एस.सी. बोर्ड परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए विद्यार्थियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इस उद्देश्य से मोर्चे का समय विशेष रूप से निर्धारित किया गया है। मुलुंड क्षेत्र के लगभग 2000 फेरीवालों के इस शांतिपूर्ण और अनुशासित मोर्चे में शामिल होने की अपेक्षा है।


प्रस्तावित मोर्चे के संबंध में लिखित सूचना पहले ही मुलुंड पुलिस स्टेशन तथा टी-वार्ड महानगरपालिका कार्यालय को दी जा चुकी है। आयोजकों द्वारा एक बार फिर स्पष्ट किया जाता है कि यह मोर्चा पूर्णतः शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से आयोजित किया जाएगा।
कानून-व्यवस्था का पूर्ण सम्मान रखते हुए मुलुंड के मेहनतकश फेरीवालों की आजीविका की सुरक्षा की ठोस मांग इस अवसर पर की जाएगी।


