महिला आरक्षण विधेयक 2023 में ही मंजूर, भाजपा और मुख्यमंत्री फडणवीस कर रहे हैं गुमराह: वर्षा गायकवाड़।

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■ ‘छात्रों की गूंज’ में लड़कियों ने अपने अधिकारों की आवाज उठाई तो भाजपा को क्यों हुई परेशानी?—वर्षा गायकवाड़


मुंबई वार्ता संवाददाता

मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद वर्षा गायकवाड़ ने महिला आरक्षण विधेयक को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और भाजपा पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को लोकसभा और विधानसभा में 33 प्रतिशत आरक्षण देने वाला संविधान (106वां संशोधन) विधेयक वर्ष 2023 में ही संसद से पारित हो चुका है। कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने इसका समर्थन किया था, लेकिन केंद्र की भाजपा सरकार ने अब तक इसे लागू नहीं किया है।


वर्षा गायकवाड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस यह झूठा आरोप लगा रहे हैं कि राहुल गांधी और कांग्रेस महिला आरक्षण के विरोध में हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने देश में महिलाओं को आरक्षण देने का निर्णय सबसे पहले लिया और उसे लागू भी किया। इसके बावजूद भाजपा के कुछ नेता और मुख्यमंत्री फडणवीस महिला आरक्षण के मुद्दे पर लोगों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं।


उन्होंने कहा कि 2023 में संसद से महिला आरक्षण विधेयक सर्वसम्मति से पारित हुआ था। इसके तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान है। हालांकि, इसकी वास्तविक अमल प्रक्रिया अभी तक शुरू नहीं हुई है। गायकवाड़ ने आरोप लगाया कि अब भाजपा सरकार महिला आरक्षण के नाम पर परिसीमन (डिलिमिटेशन) से जुड़े प्रस्ताव को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रही है।


सांसद ने कहा कि कांग्रेस परिसीमन के नाम पर होने वाली ऐसी कवायद का विरोध कर रही है, क्योंकि इससे देश के उत्तर और दक्षिण के बीच राजनीतिक प्रतिनिधित्व को लेकर असंतुलन पैदा होने की आशंका है। उन्होंने भाजपा और मुख्यमंत्री फडणवीस से इस मुद्दे पर जनता को गुमराह न करने की अपील की।

■ ‘छात्रों की गूंज’ को धार्मिक रंग देने का आरोप


वर्षा गायकवाड़ ने पुणे में आयोजित राहुल गांधी के महिला विशेष ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर भी भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में महिलाओं की सुरक्षा, अधिकारों और उनकी समस्याओं पर चर्चा की गई। इसमें विभिन्न जाति और धर्म की छात्राओं एवं महिलाओं ने भाग लिया।


उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा हर मुद्दे को जाति और धर्म के चश्मे से देखने की मानसिकता के कारण इस कार्यक्रम को भी धार्मिक रंग देने की कोशिश कर रही है। गायकवाड़ ने कहा कि कार्यक्रम में छात्राओं ने अपने अधिकारों और समस्याओं को लेकर खुलकर आवाज उठाई और भाजपा को उचित संदेश दिया। इससे भाजपा बौखला गई है और राहुल गांधी पर बेबुनियाद आरोप लगा रही है।


वर्षा गायकवाड़ ने कहा कि महिलाओं और छात्राओं की आवाज को दबाने के बजाय सरकार को उनके अधिकारों, सुरक्षा और समस्याओं पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने भाजपा से महिला आरक्षण और ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर राजनीति करने के बजाय वास्तविक मुद्दों पर जवाब देने की मांग की।

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