मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

मुंबई में यातायात की समस्या दिन-प्रतिदिन जटिल होती जा रही है। आने वाले समय में इसके समाधान के तौर पर वाटर मेट्रो की सुविधा दी जाएगी। इस बीच, तीन महीने के भीतर वाटर मेट्रो की योजना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। इसलिए नागरिकों को उम्मीद है कि मुंबई में ट्रैफिक जाम के विकल्प के तौर पर जल्द ही वाटर मेट्रो शुरू होगी।


मुंबई वाटर मेट्रो शुरू करने के लिए सर्वेक्षण का काम कोच्चि मेट्रो रेल लिमिटेड कंपनी को सौंपा गया था। इसकी रिपोर्ट का प्रेजेंटेशन १६ जून को मत्स्य पालन और बंदरगाह मंत्री नितेश राणे के समक्ष किया गया। अगर वाटर मेट्रो शुरू होती है तो मुंबई में लोकल और सड़क यातायात पर दबाव कम होगा और हजारों यात्री वाटर मेट्रो से जल्दी और आराम से यात्रा कर सकेंगे। इस परियोजना के लिए केएमआरएल यानी कोच्चि मेट्रो रेल लिमिटेड से तकनीकी सहायता ली गई है।
कोच्चि में अभी चल रही वाटर मेट्रो सेवा देश की पहली वाटर मेट्रो है। इसे 2023 में शुरू किया जाना है। वहां सेवा सफल रही और कोच्चि परियोजना की सफलता के चलते केंद्र और राज्य सरकारों ने मिलकर मुंबई में भी वाटर ट्रांसपोर्ट बढ़ाने के लिए यह योजना तैयार की है।


