मुंबई वार्ता संवाददाता

“गिग वर्कर्स न्याय अभियान” पुस्तिका का विमोचन*मुंबई, दिनांक 19 अप्रैल 2026 महाराष्ट्र में चल रही विशेष मतदाता सूची पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) प्रक्रिया के परिप्रेक्ष्य में मुंबई युवा कांग्रेस की ओर से पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।


मुंबई युवा कांग्रेस की अध्यक्षा ज़ीनत शबरीन के नेतृत्व में गांधी भवन, कुलाबा में यह कार्यक्रम उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ।इस प्रशिक्षण सत्र के मुख्य प्रशिक्षक के रूप में मुंबई कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के पदाधिकारी असद उस्मानी उपस्थित थे। उन्होंने SIR प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी देते हुए मतदाता सूची पुनरीक्षण की तकनीकी पहलुओं, आवेदन प्रक्रिया, आपत्तियां दर्ज करने की पद्धति तथा पात्र मतदाताओं के नाम विलोपित न हों, इसके लिए आवश्यक सावधानियों पर मार्गदर्शन किया।


कार्यक्रम में मुंबई युवा कांग्रेस की अध्यक्षा ज़ीनत शबरीन, युवा कांग्रेस के संगठन महासचिव तेजस चंदूरकर, जिलाध्यक्ष प्रज्ञा धवले, फरहान मंसूरी, शेखर जगताप, शिव जतन यादव, उत्तर-पश्चिम मुंबई के जिला कार्याध्यक्ष अब्दुल समद शाह तथा प्रदेश महासचिव मितेश सोनकर, अमनदीप सैनी, आसिफ खान सहित अन्य पदाधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।इस अवसर पर बोलते हुए ज़ीनत शबरीन ने कहा कि, चुनाव आयोग द्वारा महाराष्ट्र में शुरू की गई SIR प्रक्रिया से पहले जिन राज्यों में यह अभियान चलाया गया, वहां लाखों मतदाताओं के नाम हटाए जाने के उदाहरण सामने आए हैं।
इस पृष्ठभूमि में मुंबई में किसी भी पात्र मतदाता का नाम गलत तरीके से हटाया न जाए, इसके लिए युवा कांग्रेस ने यह प्रशिक्षण आयोजित किया है। इसके माध्यम से कार्यकर्ताओं को सक्षम बनाकर प्रत्येक पात्र नागरिक के मतदान के अधिकार की रक्षा करने का हमारा संकल्प है।उन्होंने आगे कहा कि लोकतंत्र द्वारा दिए गए मूलभूत अधिकारों की रक्षा करना हर किसी की जिम्मेदारी है और मतदाता सूची से नाम हटाया जाना नागरिकों के अधिकारों पर सीधा आघात है। इसलिए SIR प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने की मांग की गई। साथ ही, मुंबई में SIR प्रक्रिया पूरी होने तक युवा कांग्रेस की ओर से मतदाताओं को आने वाली समस्याओं के संबंध में मार्गदर्शन और आवश्यक सहायता प्रदान की जाएगी।
इस दौरान “गिग वर्कर्स न्याय अभियान” के तहत तैयार की गई पुस्तिका का मान्यवरों के हाथों विमोचन किया गया। गिग इकोनॉमी में कार्यरत कामगारों के अधिकारों की रक्षा, सामाजिक सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया जा रहा है, ऐसा ज़ीनत शबरीन ने बताया।


