■ ‘राहुल गांधी पर दर्ज FIR रद्द करें, खरगे की सभा स्थल पर कथित शुद्धिकरण करने वालों पर SC/ST कानून के तहत मामला दर्ज हो’—कांग्रेस की मांग।
मुंबई वार्ता/श्रीश उपाध्याय

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की उत्तराखंड के हल्द्वानी में हुई सभा के बाद कथित ‘शुद्धिकरण’ किए जाने और इसके विरोध में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ FIR दर्ज किए जाने के मुद्दे पर मुंबई कांग्रेस ने मंगलवार को भाजपा सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस ने राहुल गांधी पर दर्ज FIR रद्द करने तथा खरगे की सभा स्थल पर कथित तौर पर ‘शुद्धिकरण’ करने वालों के खिलाफ SC/ST कानून के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की।


मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद वर्षा गायकवाड़ के नेतृत्व में हुए इस आंदोलन में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कथित जातिवादी मानसिकता का विरोध किया।
प्रदर्शन में सांसद चंद्रकांत हंडोरे, पूर्व मंत्री एवं विधायक अस्लम शेख, विधायक ज्योति गायकवाड़, मधुअण्णा चव्हाण, चरणसिंह सप्रा, अशरफ आजमी, वीरेंद्र चौधरी, अखिलेश यादव, सुरेशचंद्र राजहंस और रवि बावकर सहित कांग्रेस के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद थे।


‘भाजपा सरकार राहुल गांधी की आवाज दबाने की कोशिश कर रही है’
वर्षा गायकवाड़ ने कहा कि भारतरत्न डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा देश को दिए गए संविधान में समानता के अधिकार को मौलिक अधिकार के रूप में मान्यता दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस सामाजिक भेदभाव के खिलाफ बाबासाहेब आंबेडकर ने जीवनभर संघर्ष किया, उसी भेदभाव का प्रदर्शन कर ‘मनुवादी’ भाजपा ने मल्लिकार्जुन खरगे का अपमान किया है।


गायकवाड़ ने कहा कि राहुल गांधी ने इस कथित भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाई और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की, लेकिन उनके खिलाफ ही FIR दर्ज कर दी गई। उन्होंने इसे राजनीतिक प्रतिशोध और दमन की कार्रवाई बताया।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार राहुल गांधी से भयभीत है और इसलिए लगातार उनकी आवाज दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस तरह की कथित दमनकारी कार्रवाई से डरने वाली नहीं है।
भाजपा कार्यालय में संविधान की प्रति देने जा रही थी कांग्रेस
मुंबई कांग्रेस की ओर से भाजपा कार्यालय जाकर पार्टी नेताओं को संविधान की प्रति सौंपने का कार्यक्रम भी रखा गया था। कांग्रेस का आरोप है कि इस दौरान देवेंद्र फडणवीस सरकार की पुलिस ने आंदोलन को दबाने का प्रयास किया।
कांग्रेस के अनुसार, पुलिस ने वर्षा गायकवाड़ सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों को हिरासत में लेकर आजाद मैदान पुलिस स्टेशन पहुंचाया।
बाद में कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस उपायुक्त को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा और संविधान की प्रति भी दी। कांग्रेस प्रतिनिधियों ने पुलिस से यह संविधान की प्रति भाजपा कार्यालय तक पहुंचाने की बात कही।
मुंबई कांग्रेस ने दोहराया कि राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज FIR तत्काल रद्द की जानी चाहिए और मल्लिकार्जुन खरगे की सभा स्थल पर कथित ‘शुद्धिकरण’ करने वालों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई होनी चाहिए। पार्टी ने कहा कि वह संविधान, समानता और सामाजिक न्याय के मुद्दे पर अपना संघर्ष जारी रखेगी।


