श्रीश उपाध्याय/मुंबई वार्ता

ऑल इंडियन सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने अभिनेता सतेंद्र सोनी और अभिनेता श्रीधर दुबे के साथ मध्य प्रदेश के मैहर में फिल्म ‘पेड पालकी’ की शूटिंग के दौरान कथित मारपीट, जबरन बंधक बनाने, जान से मारने की धमकी, डराने-धमकाने और बकाया भुगतान न करने के मामले में अपना पूरा समर्थन दिया है।


AICWA के अनुसार, इस मामले में मुंबई के ओशिवारा पुलिस थाने में 20 अगस्त 2026 को निर्देशक-निर्माता पुष्पेंद्र सिंह और प्रगति चौहान के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।


AICWA अध्यक्ष सुरेश श्यामलाल गुप्ता ने दावा किया कि वह 27 जून से ही दोनों अभिनेताओं के संपर्क में थे और मामले को लेकर संबंधित अधिकारियों से लगातार संपर्क करते रहे। उन्होंने कहा कि संगठन ने दोनों कलाकारों को हर संभव सहायता और मार्गदर्शन दिया।
■ 27 जून से ही कलाकारों के साथ खड़े रहे AICWA अध्यक्ष
AICWA के मुताबिक, 27 जून 2026 को मध्य प्रदेश में कथित घटना के तुरंत बाद सुरेश श्यामलाल गुप्ता ने सतेंद्र सोनी और श्रीधर दुबे से बातचीत की थी। उन्होंने दोनों को सुरक्षित मुंबई लौटने का भरोसा दिलाते हुए कहा था कि संगठन अंत तक उनके साथ खड़ा रहेगा।
इसके बाद से AICWA अध्यक्ष लगातार दोनों कलाकारों के संपर्क में रहे और मामले को संबंधित अधिकारियों के समक्ष उठाते रहे। संगठन के प्रयासों के बाद 20 अगस्त को ओशिवारा पुलिस थाने में FIR दर्ज होने की बात AICWA ने कही है।
■ मैहर में क्या हुआ था?
AICWA के अनुसार, सतेंद्र सोनी और श्रीधर दुबे फिल्म ‘पेड पालकी’ में काम करने के लिए मुंबई से मैहर, मध्य प्रदेश गए थे। फिल्म का निर्माण अधिश्री प्रोडक्शन हाउस के बैनर तले किया जा रहा था, जो निर्देशक-निर्माता पुष्पेंद्र सिंह से जुड़ा बताया गया है।
अभिनेताओं द्वारा दिए गए विवरण के अनुसार, जब वे होटल से निकलकर रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे थे, तब पुष्पेंद्र सिंह और प्रगति चौहान कथित तौर पर तेज रफ्तार कार से उनका पीछा करने लगे। आरोप है कि कार इस तरह उनकी ओर बढ़ाई गई कि दोनों कलाकारों को अपनी जान का खतरा महसूस हुआ।
इसके बाद कथित तौर पर दोनों आरोपी कार से उतरे और कलाकारों के साथ गाली-गलौज तथा मारपीट शुरू कर दी। AICWA के अनुसार, सतेंद्र सोनी और श्रीधर दुबे को जमीन पर गिराकर पीटा गया।
■ होटल के कमरे में भी कथित मारपीट
आरोप है कि दोनों अभिनेताओं को जबरन एक होटल में ले जाया गया, जहां बंद कमरे में भी उनके साथ मारपीट की गई। इस दौरान उनके कपड़े फट गए और उन्हें गंभीर शारीरिक हिंसा का सामना करना पड़ा।
AICWA के मुताबिक, दोनों कलाकारों को कथित तौर पर जबरन रोका गया और जान से मारने की धमकी भी दी गई। मारपीट के दौरान सतेंद्र सोनी को पैनिक अटैक आया और उन्हें उल्टियां होने लगीं। आरोप है कि उनकी तबीयत खराब होने के बावजूद उन्हें कमरे में ले जाकर दोबारा पीटा गया।
‘अगर स्थापित अभिनेता के साथ ऐसा हो सकता है तो छोटे कलाकारों का क्या?’
AICWA ने इस घटना को गंभीर बताते हुए सवाल उठाया कि यदि किसी स्थापित अभिनेता के साथ कथित तौर पर इस तरह का व्यवहार किया जा सकता है, तो छोटे कलाकारों, तकनीशियनों और अन्य फिल्म कर्मचारियों की स्थिति क्या होगी, जो डर और दबाव के कारण कई बार आवाज नहीं उठा पाते।
संगठन ने कहा कि ऐसे मामलों में तत्काल और सख्त कार्रवाई नहीं होने पर कलाकारों और फिल्म कर्मियों को डराने-धमकाने तथा उनका शोषण करने वालों का हौसला बढ़ सकता है।
AICWA ने पूरे मामले की व्यापक जांच और दोषी पाए जाने वाले सभी लोगों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
सतेंद्र सोनी ‘लापता लेडीज’ सहित कई फिल्मों में काम कर चुके हैं और आगामी ‘मिर्जापुर’ से भी जुड़े बताए जाते हैं। वहीं श्रीधर दुबे भी कई फिल्मों में काम कर चुके हैं। AICWA ने कहा है कि फिल्म उद्योग में कलाकारों और तकनीशियनों की सुरक्षा तथा उनके अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करना जरूरी है।
हालांकि, मारपीट और अन्य आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि इस प्रेस विज्ञप्ति से नहीं होती है। मामले में पुलिस जांच के बाद आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।


