मुंबई वार्ता/राजन बलसाने

कंगारू मदर केयर (केएमसी) परियोजना प्रसार और अनुभव साझाकरण कार्यक्रम 25 नवंबर को सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन उल्हासनगर नगर निगम के सहयोग से एफएमसीएच और केएचपीटी द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।


इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में यूएमसी के अधिकारी, केंद्रीय अस्पताल और प्रसूति अस्पताल के चिकित्सा अधिकारी और कर्मचारी, साथ ही यूपीएचसी के चिकित्सा अधिकारी, आशा कार्यकर्ता, पीएचएन और एएनएम शामिल हुए।आईसीडीएस विभाग के पर्यवेक्षक और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता भी उपस्थित थे।


डॉ. आयशा, जय मोरे और डॉ. सारिका (केएचपीटी) ने इस अवसर पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और परियोजना के महत्वपूर्ण बिंदुओं को प्रस्तुत किया। एफएमसीएच का प्रतिनिधित्व शुभांगी भोइते (वरिष्ठ कार्यक्रम प्रबंधक), श्रद्धा गुरव (सुविधा समन्वयक), नर्स मेंटर – स्वाति गोसावी और मनीषा घारे, तथा सहकर्मी शिक्षिकाएँ – चेतना सर्वे और सुषमा बागुल ने किया।
पिछले तीन वर्षों में परियोजना के प्रदर्शन, कम वजन वाले शिशुओं के लिए केएमसी के महत्व, सुविधाओं और सामुदायिक स्तर की गतिविधियों के प्रभाव पर विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यक्रम के अंत में, उपस्थित लोगों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया व्यक्त की तथा केएमसी गतिविधियों को अधिक प्रभावी ढंग से क्रियान्वित करने के लिए सुझाव दिए।


