■ अतिरिक्त आयुक्त डॉ. अश्विनी जोशी ने किया अग्निसुरक्षा जनजागृति वाहन का निरीक्षण.
श्रीश उपाध्याय /मुंबई वार्ता

मुंबई महानगर के स्कूलों, अस्पतालों, मॉल्स, औद्योगिक एवं वाणिज्यिक परिसरों, घनी आबादी वाली बस्तियों तथा अन्य सार्वजनिक स्थलों पर जाकर नागरिकों को अग्नि-निवारक उपायों की जानकारी देने और अग्निसुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से बृहन्मुंबई महानगरपालिका के मुंबई अग्निशमन दल द्वारा ‘अग्निसुरक्षा जनजागृति वाहन’ विकसित किया गया है। अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (शहर) डॉ. श्रीमती अश्विनी जोशी ने 16 दिसंबर को इस वाहन का निरीक्षण किया।


आग की घटनाओं की पृष्ठभूमि में, आग लगने से पहले बरती जाने वाली सावधानियां, आग लगने के बाद उचित और वैज्ञानिक प्रतिक्रिया, तथा आपात स्थिति में त्वरित सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया को इस पहल के माध्यम से नागरिकों को सरल और समझने योग्य तरीके से बताया जाएगा। इसके साथ ही अग्निशमन उपकरणों के सही उपयोग, आपातकालीन निकासी प्रक्रिया तथा अग्निसुरक्षा नियमों के पालन के महत्व पर भी मार्गदर्शन दिया जाएगा। कुल मिलाकर, इस वाहन के माध्यम से नागरिकों में अग्निसुरक्षा के प्रति जागरूकता पैदा करना, सुरक्षा की संस्कृति विकसित करना और संभावित आपदाओं के जोखिम को कम करना इस पहल का मुख्य उद्देश्य है।


इस अवसर पर डॉ. अश्विनी जोशी ने कहा कि नागरिकों से प्रत्यक्ष संवाद कर अग्निसुरक्षा के बारे में जागरूकता बढ़ाना तथा आपात स्थितियों में स्वयं और दूसरों की जान बचाने में सहायक प्राथमिक बचाव प्रशिक्षण देना आज की अत्यंत आवश्यक जरूरत है। इस अग्निसुरक्षा जनजागृति वाहन के माध्यम से विभिन्न इलाकों में पहुंचकर बड़ी संख्या में नागरिकों तक प्रभावी ढंग से महत्वपूर्ण संदेश पहुंचाया जाएगा। मुंबई जैसे घनी आबादी और तेजी से बढ़ते महानगर में आग की घटनाएं कम समय में गंभीर रूप ले सकती हैं, ऐसे में नागरिकों के पास आवश्यक जानकारी, सतर्कता और प्राथमिक प्रतिक्रिया क्षमता का होना बेहद महत्वपूर्ण है।


प्रमुख अग्निशमन अधिकारी रविंद्र आंबुलगेकर ने कहा कि यह अग्निसुरक्षा जनजागृति वाहन मुंबई के विभिन्न स्कूलों, अस्पतालों, व्यावसायिक परिसरों, मॉल्स, औद्योगिक व वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों, घनी बस्तियों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर जाकर नागरिकों को अग्नि-निवारक उपायों की विस्तृत और व्यावहारिक जानकारी देगा। इस पहल के जरिए आम नागरिकों तक अग्निसुरक्षा से जुड़ी बुनियादी, लेकिन अत्यंत महत्वपूर्ण जानकारी प्रभावी रूप से पहुंचाने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
मीडिया से बातचीत में आंबुलगेकर ने बताया कि नववर्ष 2026 के स्वागत के लिए मुंबई के अनेक होटलों, प्रतिष्ठानों, आवासीय परिसरों, इमारतों, समुद्र तटों और अन्य स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनमें बड़ी संख्या में नागरिक शामिल होते हैं। इसे देखते हुए अग्निसुरक्षा के प्रति अतिरिक्त सतर्कता आवश्यक है। इसी कारण मुंबई अग्निशमन दल द्वारा 22 डिसेंबर 2025 से 28 डिसेंबर 2025 के बीच ‘विशेष अग्निसुरक्षा अभियान’ चलाया जाएगा।
इस दौरान यदि किसी प्रतिष्ठान में अग्निसुरक्षा की शर्तों का उल्लंघन पाया गया, तो महाराष्ट्र अग्नि-निवारण एवं जीवन-सुरक्षा उपाय अधिनियम, 2006 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
■ अग्निसुरक्षा जनजागृति वाहन की विशेषताएं.
फायर एक्सटिंग्विशर का प्रयोग विधि:
फायर एक्सटिंग्विशर के प्रकार, उनके सही उपयोग और आग बुझाते समय बरती जाने वाली सावधानियों का प्रत्यक्ष प्रदर्शन।
■ अग्निसुरक्षा प्रणालियों की जानकारी.
इमारतों में मौजूद फायर अलार्म सिस्टम, स्प्रिंकलर, हाइड्रेंट लाइन, आपात मार्ग और रिफ्यूज एरिया की संरचना व उपयोग पर मार्गदर्शन।
■ आग लगने पर बरती जाने वाली सावधानियां.
स्वयं की और दूसरों की सुरक्षा, धुएं की स्थिति में क्या करें, विद्युत आपूर्ति बंद करने जैसे तात्कालिक उपायों की जानकारी।
● अग्निशमन दल से संपर्क प्रक्रिया.
आपात स्थिति में अग्निशमन दल से संपर्क करने का तरीका, दुर्घटना स्थल की सटीक जानकारी देने का महत्व और प्रारंभिक स्थिति का आकलन सब कुछ सरल भाषा में समझाया जाएगा।


