‘टीबीमुक्त मुंबई’ दुनिया के लिए बनेगी मिसाल : राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा।

Date:

श्रीश उपाध्याय/मुंबई वार्ता


मुंबई में क्षयरोग (टीबी) के बढ़ते मामलों को नियंत्रित करने और जनजागरण को जनआंदोलन का रूप देने के उद्देश्य से ‘टीबीमुक्त मुंबई’ अभियान का मंगलवार को शुभारंभ किया गया। इस अभियान की शुरुआत महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने धारावी स्थित लोकनेते एकनाथराव गायकवाड नागरी आरोग्य केंद्र और सायन के लोकमान्य तिलक महानगरपालिका सर्वसाधारण अस्पताल में की। इस अवसर पर मुंबई की महापौर रितू तावडे, उपमहापौर संजय घाडी सहित कई जनप्रतिनिधि और स्वास्थ्य अधिकारी मौजूद रहे।


राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने कहा कि मुंबई अंतरराष्ट्रीय महानगर होने के बावजूद यहां टीबी मरीजों की संख्या चिंताजनक है। इस संक्रामक बीमारी पर नियंत्रण केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए जनभागीदारी और सामाजिक आंदोलन जरूरी है। उन्होंने कहा कि यदि मुंबई टीबीमुक्त बनने में सफल होती है तो यह केवल भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लिए आदर्श मॉडल साबित होगी।


उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से शुरू हुए ‘प्रधानमंत्री टीबी मुक्त अभियान’ के तहत मुंबई में यह विशेष पहल शुरू की गई है। राज्यपाल ने कहा कि मुंबई की घनी आबादी और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था के कारण संक्रमण फैलने का खतरा अधिक रहता है, इसलिए समय पर जांच, जनजागरूकता और उपचार बेहद आवश्यक है।


कार्यक्रम में बोलते हुए महापौर रितू तावडे ने कहा कि ‘टीबीमुक्त मुंबई’ केवल एक नारा नहीं, बल्कि जनआंदोलन है। उन्होंने बताया कि दवा-प्रतिरोधक क्षयरोग (डीआरटीबी) मुंबई के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन चुका है। टीबी की रोकथाम के लिए मुंबई के सभी 24 प्रशासनिक विभागों में ‘आयुष्यमान आरोग्य शिविर’ आयोजित किए जा रहे हैं, जहां अत्याधुनिक एआई समर्थित हैंडहेल्ड एक्स-रे मशीनों का उपयोग किया जा रहा है। इन मशीनों के जरिए सीधे बस्तियों और लोगों के घरों तक पहुंचकर कुछ ही सेकंड में जांच की जा रही है।


अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त डॉ. विपिन शर्मा ने बताया कि भारत के कुल टीबी मरीजों में लगभग 3 प्रतिशत मरीज मुंबई से हैं, जबकि मल्टी ड्रग रेजिस्टेंट टीबी मरीजों का अनुपात राष्ट्रीय औसत की तुलना में मुंबई में लगभग 8 प्रतिशत है। इसलिए मुंबई का टीबी उन्मूलन अभियान राष्ट्रीय स्तर पर अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


कार्यक्रम के दौरान ‘टीबीमुक्त मुंबई’ अभियान की पुस्तिका का विमोचन भी किया गया तथा राष्ट्रीय क्षयरोग उन्मूलन कार्यक्रम में सहयोग देने वाली विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं को सम्मानित किया गया।


इससे पहले धारावी स्थित स्वास्थ्य केंद्र में राज्यपाल, महापौर और अन्य गणमान्य लोगों ने टीबी मरीजों को पोषण आहार किट वितरित किए। राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने जिला क्षयरोग अधिकारियों और आशा कार्यकर्ताओं से संवाद भी किया। उन्होंने 30 टीबी मरीजों को गोद लेने की घोषणा की, जिसके बाद उन्हें ‘नि-क्षय मित्र’ के रूप में सम्मानित किया गया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

प्रमुख खबरे

More like this
Related

भक्ति और श्रद्धा के साथ संपन्न हुई श्रीमद् भागवत कथा सैकड़ों श्रद्धालुओं ने लिया प्रसाद।

मुंबई वार्ता संवाददाता श्री कृष्ण समर्पण चैरिटेबल ट्रस्ट की...

19 वर्षों से फरार चोरी का आरोपी बांद्रा से गिरफ्तार, कोर्ट ने घोषित किया था भगोड़ा।

श्रीश उपाध्याय/मुंबई वार्ता मुंबई पुलिस के खार पुलिस स्टेशन...