श्रीश उपाध्याय/मुंबई वार्ता

भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मुंबई शहर और उपनगरों में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन-एसआईआर) कार्यक्रम में नियुक्त मतदान केंद्र स्तरीय अधिकारियों (बीएलओ) के कार्यभार ग्रहण नहीं करने पर बृहन्मुंबई महानगरपालिका प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त एवं अतिरिक्त जिला निर्वाचन अधिकारियों ने निर्देश दिया है कि बार-बार सूचना देने के बावजूद ड्यूटी पर उपस्थित नहीं होने वाले बीएलओ के खिलाफ संबंधित पुलिस थानों में मामला दर्ज कराया जाए।


एसआईआर कार्यक्रम की समीक्षा के लिए गुरुवार को बीएमसी मुख्यालय में आयोजित बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त एवं अतिरिक्त जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. विपिन शर्मा, डॉ. अश्विनी जोशी, अभिजीत बांगर, डॉ. अविनाश ढाकणे, मुंबई उपनगर के जिलाधिकारी सौरभ कटियार तथा मुंबई शहर की जिलाधिकारी आंचल गोयल सहित निर्वाचन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।


बैठक में बताया गया कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान मतदान केंद्रों की मैपिंग, तार्किक विसंगतियों (लॉजिकल डिस्क्रेपेंसी) का निराकरण और बीएलओ की अनुपस्थिति अत्यंत संवेदनशील मुद्दे हैं। निर्धारित समय में पूरी प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए सभी निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों को गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।
अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त डॉ. विपिन शर्मा ने कहा कि इस महत्वपूर्ण कार्य में किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने 13 और 14 जून 2026 को सभी बीएलओ के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने और निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों को उन्हें आवश्यक प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए, ताकि एसआईआर अभियान का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।
अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त डॉ. अश्विनी जोशी ने बताया कि इस अभियान के लिए बीएमसी की ओर से 7,300 कर्मचारियों को बीएलओ के रूप में नियुक्त किया गया है, जबकि लगभग 1,000 अतिरिक्त कर्मचारियों की भी व्यवस्था की गई है। इसके अलावा जीएसटी विभाग, आयकर विभाग, मुंबई विश्वविद्यालय, निजी गैर-अनुदानित स्कूलों के शिक्षक तथा राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के कर्मचारियों को भी इस कार्य में लगाया गया है।
उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में कर्मचारी अब तक कार्यभार ग्रहण करने नहीं पहुंचे हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है। ऐसे सभी कर्मचारियों के खिलाफ तत्काल कठोर कार्रवाई करते हुए संबंधित पुलिस थानों में मामला दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं।
बीएमसी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरा करने के लिए सभी संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी।


