मुंबई वार्ता संवाददाता

मुंबई के सौंदर्यीकरण और पर्यावरण संरक्षण के लिए बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) की महापौर रितू राजेश तावडे की संकल्पना से ‘शाडू बाप्पा दस दिन – फ्लेक्समुक्त मुंबई 365 दिन’ विशेष अभियान शुरू किया जाएगा। इसके तहत शहर में अनधिकृत पीवीसी फ्लेक्स, बैनर, पोस्टर और स्टिकर के खिलाफ शून्य सहिष्णुता की नीति अपनाई जाएगी। महापौर ने इस संबंध में बीएमसी आयुक्त अश्विनी भिडे को पत्र भेजकर अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए हैं।


इस अभियान को सर्वदलीय समर्थन दिलाने के लिए महापौर स्वयं सभी राजनीतिक दलों के प्रमुखों और नेताओं को पत्र भेजकर सहयोग का आह्वान करेंगी। उनका कहना है कि मुंबई को अनधिकृत बैनरों और फलक से मुक्त करने के लिए राजनीतिक मतभेदों को अलग रखकर सभी दलों, जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्ताओं और नागरिकों को एकजुट होना चाहिए।
अभियान की प्रभावी योजना और तत्काल अमल के लिए महापौर रितू तावडे की अध्यक्षता में जल्द ही प्रशासन की संयुक्त बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें विधायक अमित साटम की प्रमुख उपस्थिति रहेगी।
■ अनधिकृत फलक पर होगी सख्त कार्रवाई
बीएमसी अधिनियम की धारा 328/328(ए) और महाराष्ट्र संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम, 1995 के तहत दोषियों के खिलाफ सीधे दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर पुलिस में एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। महापौर ने स्पष्ट किया है कि कार्रवाई में किसी भी राजनीतिक दल या व्यक्ति के साथ भेदभाव नहीं किया जाएगा और कानून सभी के लिए समान रहेगा।
■ अधिकृत बैनर पर क्यूआर कोड अनिवार्य
बीएमसी से विधिवत अनुमति प्राप्त विज्ञापनों पर लाइसेंस नंबर, अनुमति की अवधि, प्रिंटर का नाम और अधिकृत क्यूआर कोड लगाना अनिवार्य होगा। गश्ती दल और नागरिक क्यूआर कोड स्कैन कर संबंधित विज्ञापन की अनुमति की सत्यता जांच सकेंगे। क्यूआर कोड के बिना लगाए गए फलक, बैनर और पोस्टर को अनधिकृत मानकर तत्काल जब्त किया जाएगा।
■ प्रिंटर और एजेंसियां होंगी स्थायी रूप से ब्लैकलिस्ट
बार-बार अनधिकृत फ्लेक्स, बैनर और पोस्टर छापने वाले प्रिंटर, ठेकेदारों और एजेंसियों के खिलाफ केवल जुर्माना लगाने के बजाय उन्हें स्थायी रूप से ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही पीवीसी के स्थान पर कपड़े, पर्यावरण अनुकूल सामग्री और डिजिटल एलईडी जैसे विकल्पों के इस्तेमाल के लिए एजेंसियों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
■ डिजिटल सिंगल विंडो से बढ़ेगा बीएमसी का राजस्व
मौजूदा आउटडोर विज्ञापन नीति में समयबद्ध सुधार कर सभी आवश्यक अनुमतियां सिंगल विंडो डिजिटल प्रणाली के माध्यम से देने की योजना है। इससे अनधिकृत विज्ञापनों के कारण होने वाले लाइसेंस राजस्व के नुकसान को रोका जा सकेगा और बीएमसी के राजस्व में भी वृद्धि होगी।
■ जब्त पीवीसी सामग्री का वैज्ञानिक तरीके से पुनर्चक्रण
अभियान के दौरान जब्त किए गए पीवीसी और प्लास्टिक सामग्री को दोबारा सड़कों या नालों में जाने से रोकने के लिए ठोस कचरा प्रबंधन विभाग के माध्यम से उसका वैज्ञानिक तरीके से पुनर्चक्रण किया जाएगा।
■ 72 घंटे में शिकायतों पर कार्रवाई
नागरिक अनधिकृत फलक और बैनर की शिकायत बीएमसी की 1916 हेल्पलाइन, आधिकारिक वेबसाइट और ‘myBMC’ ऐप के माध्यम से कर सकेंगे। प्राप्त शिकायतों पर अधिकतम 72 घंटे के भीतर कार्रवाई करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रत्येक प्रभाग में की गई कार्रवाई, वसूले गए जुर्माने और दर्ज मामलों का साप्ताहिक डैशबोर्ड महापौर को प्रस्तुत किया जाएगा।
महापौर रितू तावडे ने कहा कि जिस तरह गणेशोत्सव में शाडू मिट्टी की मूर्तियों को प्राथमिकता देकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया जाता है, उसी तरह पूरे वर्ष प्लास्टिक और पीवीसी कचरे से मुंबई को मुक्त रखना भी सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि ‘शाडू बाप्पा दस दिन – फ्लेक्समुक्त मुंबई 365 दिन’ की संकल्पना के माध्यम से यह अभियान शुरू किया जा रहा है और मुंबई को फ्लेक्समुक्त बनाने के लिए प्रशासन तथा जनप्रतिनिधि मिलकर काम करेंगे।


