मुंबई वार्ता/सतीश सोनी

साइबर स्कैमर तरह-तरह के लालच देकर नागरिकों को ठगते हैं। अंधेरी में रहने वाली एक बुजुर्ग महिला को एक साइबर स्कैमर ने छह घंटे में पैसा दोगुना करने का वादा करके ठगा। गौरतलब है कि यह महिला बैंकिंग क्षेत्र में उच्च पद पर कार्यरत है। इस मामले में विले पार्ले पुलिस स्टेशन में धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है।


शिकायतकर्ता महिला ६९ वर्ष की हैं और अंधेरी में रहती हैं। उनकी तीन बेटियाँ विदेश में रहती हैं। वह भारतीय स्टेट बैंक से सेवानिवृत्त हैं। वह वर्तमान में एक बैंक की निजी बीमा कंपनी में प्रबंधक के रूप में कार्यरत हैं। उन्हें साइबर धोखाधड़ी के बारे में पता था। फिर भी वे एक साइबर जाल में फंस गईं।
शिकायतकर्ता महिला विदेशी मुद्रा में निवेश करना चाहती थी। इसके लिए, १७ अगस्त को वह अपने फेसबुक पेज पर एक व्याख्यान सुन रही थीं। व्याख्यान इस बारे में था कि विदेशी मुद्रा में निवेश करने से कैसे तत्काल लाभ मिलता है। पेज पर नागरिकों की कई प्रतिक्रियाएँ आईं। इसमें बताया गया था कि विदेशी मुद्रा में निवेश से उन्हें कैसे फायदा हुआ। कुछ देर बाद, उन्हें एक अनजान नंबर से कॉल आया।इस व्यक्ति ने महिला को विदेशी निवेश के बारे में जानकारी दी। फेसबुक पर दिए गए लेक्चर में भी ऐसी ही जानकारी थी। इसलिए महिला ने उस पर विश्वास कर लिया।
व्यक्ति ने कहा कि अगर आप निवेश करेंगी तो छह घंटे में आपको पाँच गुना रकम मिल जाएगी। इस बात को सच मानकर महिला ने सोचा कि छह घंटे तक पैसा लगाने में क्या हर्ज है और गूगल पे के ज़रिए उस व्यक्ति को २१ हज़ार रुपये भेज दिए।छह घंटे बाद भी महिला को निवेश की गई रकम वापस नहीं मिली।
इसी बीच, १८ अगस्त को सुबह ९ बजे उन्हें एक और नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने कहा कि आपके द्वारा निवेश की गई रकम कम रिटर्न मिलने के कारण वापस नहीं की जा रही है। महिला फिर से उस ठगी का शिकार हो गई और २५ हज़ार रुपये भेज दिए। एक दिन बीत जाने के बाद भी जब पैसे वापस नहीं मिले तो विले पार्ले पुलिस स्टेशन में महिला से कुल ४४,००० रुपये की ठगी का मामला दर्ज किया गया है।


