मुंबई वार्ता संवाददाता

मुंबई में दिव्यांग यात्रियों के लिए बड़ी राहत की तैयारी है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने दिव्यांगों को BEST की गैर-वातानुकूलित (Non-AC) बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का प्रस्ताव तैयार किया है। इस योजना पर BMC को करीब 7.64 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। प्रस्ताव को 9 सितंबर को BMC की स्थायी समिति के सामने रखा जाएगा।


इस योजना के तहत 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले लोगों को मुफ्त यात्रा का लाभ मिलेगा। यह पात्रता दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के प्रावधानों के अनुरूप होगी। खास बात यह है कि BEST के इतिहास में पहली बार केवल दृष्टिबाधित यात्रियों तक सीमित रियायत को बढ़ाकर विभिन्न श्रेणियों के दिव्यांगों तक पहुंचाने की तैयारी है।
■ सिर्फ नॉन-एसी बसों में मिलेगी सुविधा
प्रस्ताव के अनुसार मुफ्त यात्रा की सुविधा केवल BEST की नॉन-एसी बसों में लागू होगी। इन बसों का न्यूनतम किराया फिलहाल 10 रुपये है। वहीं, एसी बसों का न्यूनतम किराया 12 रुपये होने के कारण उन्हें इस योजना में शामिल नहीं किया गया है। BEST के बेड़े में कुल 2,829 बसें हैं, जिनमें 620 नॉन-एसी बसें शामिल हैं।
■ BMC के जेंडर बजट से आएगा पैसा
इस योजना के लिए 7.64 करोड़ रुपये की अनुदान राशि BMC के जेंडर बजट से BEST को दी जाएगी। वित्त वर्ष 2026-27 में दिव्यांगों को रियायत देने के लिए पहले से 5 करोड़ रुपये का प्रावधान था। अनुमानित खर्च करीब 7.65 करोड़ रुपये पहुंचने के कारण अतिरिक्त 2.65 करोड़ रुपये की व्यवस्था आंतरिक फंड ट्रांसफर के जरिए करने का प्रस्ताव है।
पिछले साल दृष्टिबाधित यात्रियों के लिए मुफ्त यात्रा के मद में BEST को 4.38 करोड़ रुपये का अनुदान दिया गया था। इस बार प्रस्तावित राशि उससे करीब 74 प्रतिशत अधिक है।
BEST करेगी पात्र यात्रियों का सत्यापन
योजना के तहत दिव्यांगता प्रमाणपत्रों की जांच और पात्र लाभार्थियों को यात्रा पास जारी करने की जिम्मेदारी BEST की होगी। खर्च पर निगरानी के लिए BEST को हर तिमाही ऑडिट किए गए बिल, इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन (ETIM) की रिपोर्ट और यात्रा कार्ड का रिकॉर्ड BMC को देना होगा।
यह योजना ऐसे समय में प्रस्तावित की गई है जब BMC की वित्तीय स्थिति और BEST को दी जाने वाली आर्थिक सहायता को लेकर लगातार चर्चा हो रही है। BMC ने वित्त वर्ष 2025-26 और 2026-27 में BEST के लिए सालाना 1,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
यदि स्थायी समिति से प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो मुंबई के 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले यात्रियों को BEST की नॉन-एसी बसों में मुफ्त सफर का लाभ मिल सकेगा।


