मुंबई वार्ता संवाददाता

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के विधायक रोहित पवार ने राज्य में कथित सीईटी पेपर लीक मामले को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के सत्ता में आने के बाद विभिन्न विभागों की भर्ती परीक्षाओं के पेपर लगातार लीक होने की घटनाएं सामने आ रही हैं। यदि सीईटी का पेपर भी लीक हुआ है, तो यह बेहद गंभीर मामला है।


मुंबई में पत्रकारों से बातचीत करते हुए रोहित पवार ने कहा कि जिन राज्यों में भाजपा की सरकार नहीं होती, वहां पेपर लीक की घटनाओं पर भाजपा आंदोलन करती है। उन्होंने कहा कि यदि महाराष्ट्र में भी पेपर लीक की घटनाएं हो रही हैं, तो भाजपा को यहां भी आंदोलन करना चाहिए।
उन्होंने दावा किया कि यदि गृह विभाग यह कह रहा है कि पेपर लीक नहीं हुआ, तो उसे उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों और सबूतों पर ध्यान देना चाहिए। रोहित पवार ने कहा कि उनकी पार्टी ने इस संबंध में गृह विभाग को दस्तावेज सौंपे हैं और कई छात्रों ने भी सीईटी परीक्षा को लेकर आपत्तियां दर्ज कराई हैं। उन्होंने कहा कि अभी और सबूत जुटाए जा रहे हैं और पूरी जानकारी सामने आने के बाद ही विस्तृत बयान दिया जाएगा।
रोहित पवार ने कहा कि छात्रों की समस्याओं और उन पर हो रहे कथित अन्याय को लेकर शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर युवाओं के मुद्दे उठाए हैं। वहीं सांसद सुप्रिया सुले ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी इस विषय पर चर्चा की है।
राजनीतिक अटकलों पर प्रतिक्रिया देते हुए रोहित पवार ने स्पष्ट कहा कि शरद पवार किसी भी परिस्थिति में एनडीए में शामिल नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी के अधिकांश विधायक और सांसद राजनीतिक लड़ाई के लिए तैयार हैं। उन्होंने दोहराया कि वह जनता और अपने विचारों के साथ खड़े हैं तथा भविष्य में भी एनडीए में शामिल नहीं होंगे।
रोहित पवार ने कहा कि राज्य में परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता बनाए रखने और छात्रों का विश्वास बहाल करने के लिए कथित पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।


